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सितंबर 14, 2026 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

क्या दुनिया को संकट से उबारने का कूटनीतिक प्रयत्न है ब्रिक्स नई दिल्ली घोषणा पत्र 2026?

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क्या दुनिया को संकट से उबारने का कूटनीतिक प्रयत्न है ब्रिक्स नई दिल्ली घोषणा पत्र 2026?  "दुनिया को युद्ध नहीं बुद्ध का शांति संदेश देने वाले भारत के दूरदर्शी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विभिन्न युद्धों से संकटग्रस्त दुनिया और उनके दांवपेंच से परेशान अन्य देशों को संकट से उबारने का सटीक कूटनीतिक प्रयत्न किया है। इसलिए ब्रिक्स दिल्ली घोषणा पत्र 2026 की सराहना सभी देश किए हैं और आगे भी इस पर अमल किए बिना किसी के पास कोई दूसरा चारा नहीं बचा है। समझिए आखिर क्या हैं इसके भूराजनीतिक अंतर्राष्ट्रीय मायने।"  @ कमलेश पांडेय/वरिष्ठ पत्रकार व राजनीतिक विश्लेषण  भारत विविधता में एकता बनाए रखने वाला देश है। यह अपने उदारमना विचारों के चलते तमाम नीतिगत विरोधाभासों के बावजूद मतैक्यता स्थापित करने में सफल हो जाता है। अंतर्राष्ट्रीय दृष्टि में "वसुधैव कुटुंबकम्" और "सर्वे भवन्तु सुखिन:" जैसे उदात्त जनसरोकारों के चलते इसकी एक अलग विशिष्ट पहचान बनी हुई है, जिससे सभी देश भारतीय नेतृत्व पर भरोसा जताते आए हैं। यह गुटनिरपेक्षता और रणनीतिक स्वायत्तता का पक...

हिंदी भाषा को राजनीति नहीं, जमीनी सच्चाई की दृष्टि से देखिए

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हिंदी भाषा को राजनीति नहीं, जमीनी सच्चाई की दृष्टि से देखिए  "हिंदी भाषा भारत को जोड़ने का एक सशक्त माध्यम है, लेकिन इसे किसी राजनीतिक एजेंडे या अनिवार्यता के बजाय आपसी संवाद और बाजार की जरूरत के तहत स्वाभाविक रूप से विकसित होने देना ही देश के बहुभाषी ताने-बाने को मजबूत रख सकता है।" @ कमलेश पांडेय/वरिष्ठ पत्रकार व राजनीतिक विश्लेषक  भारत में हिंदी भाषा को लेकर चलने वाली राजनीति और उसकी जमीनी सच्चाई के बीच एक बड़ा अंतर है, जो लगातार गहराता चला गया। हालांकि अब इसे पाटने और इससे लेकर गाहे बगाहे उत्पन्न होते रहने वाले मतभेदों को दूर करने की जरूरत है। एक तरफ जहां हिंदी को राजनीतिक ध्रुवीकरण और भाषाई अस्मिता के हथियार के रूप में इस्तेमाल किया जाता है, वहीं व्यावहारिक धरातल पर इसकी स्थिति बिल्कुल अलग नजर आती है। इसलिए जनसामान्य के नजरिए से ही इसका सम्यक समाधान अपेक्षित है। खासकर भारतीय अभिजात्य वर्ग यानी अंग्रेजी दां लोगों के इशारे पर दक्षिण-पश्चिम-पूर्वी भारतीय भाषाओं यथा तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मराठी भाषा-भाषियों में हिंदी के प्रति जो भाषाई सौतियाडाह दिखाई देती है, उसस...