संदेश

जनवरी 25, 2022 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

हे गणतंत्र! तुझे सलाम! तुझसे से ही है सारे जहां से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा..

चित्र
हे गणतंत्र! तुझे सलाम! तुझसे से ही है सारे जहां से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा.. @ कमलेश पांडेय/स्थानीय संपादक, लोकनायक भारत 26 जनवरी 2022 को भारत अपना 73वां गणतंत्र दिवस मनाएगा। इस बार गणतंत्र दिवस पर अलग यह होगा कि गणतंत्र दिवस का कार्यक्रम 23 जनवरी यानी सुभाष चंद्र बोस जयंती से शुरू होगा, जबकि पिछले साल तक यह 24 जनवरी से शुरू होता था। वहीं, इस बार इंडिया गेट पर अमर जवान ज्योति नहीं जली होगी, क्योंकि इसका विलय राष्ट्रीय युद्ध स्मारक (नेशनल वॉर मेमोरियल )में कर दिया गया है। भारत के राष्ट्रपति गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में आयोजित समारोह में ध्वजारोहण करते हैं। गणतंत्र दिवस समारोह में राष्ट्रपति भव्य परेड की सलामी लेते हैं। राज्यों में वहां के राज्यपाल राष्ट्रीय ध्वज फहराते हैं। वहीं, स्वतंत्रता दिवस पर दिल्ली में प्रधानमंत्री तिरंगा फहराते हैं और राज्यों में मुख्यमंत्री ध्वजारोहण करते हैं। गणतंत्र दिवस भारत का राष्ट्रीय पर्व है। इसे हर साल 26 जनवरी को धूमधाम से मनाया जाता है। देश में गणतंत्र दिवस या रिपब्लिक डे के अवसर पर स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम होते हैं। इस दिन राष्ट्रीय अवका...

गणतन्त्र दिवस पर आप भी कुछ संकल्प लीजिए, पीएम की तरह दृढ़ता दिखाइए

चित्र
गणतन्त्र दिवस पर आप भी कुछ संकल्प लीजिए, पीएम की तरह दृढ़ता दिखाइए @ कमलेश पांडेय, स्थानीय संपादक, लोकनायक भारत  देश अपना 73वां गणतन्त्र दिवस मना रहा है। ऐसे में हम सभी को अपने देश के समग्र उत्थान के लिए, पारस्परिक प्रेम व सद्भाव कायम रखने के लिए कुछ नए संकल्प लेने चाहिए। ये संकल्प ऐसे हों जिन्हें हमारे शासकों-प्रशासकों ने भी देखे हों। शासकों-प्रशासकों का मतलब ग्राम प्रधान से लेकर प्रधानमंत्री तक और ग्राम सचिव से लेकर राष्ट्रपति तक से है। ऐसा इसलिए कि जब हम सभी के संकल्प एक समान उद्देश्य से अभिप्रेरित होंगे तो उनके पूरे होने के आसार भी प्रबल होंगे।  मसलन हमारे ये संकल्प समाज के लिए, देश के लिए और पूरे विश्व के भविष्य के लिए भी हो सकते हैं। जैसे कि सभी के लिए रोटी, कपड़ा और मकान, शिक्षा, स्वास्थ्य और सम्मान, परिवहन, गैजेट्स और कैपिटल यानी पूंजी की सर्वसुलभता सबके लिए एक समान होनी चाहिए। हर हाथ को काम भी उतना ही जरूरी है। महामारी से निपटने के लिए भी सबका सहयोग जरूरी है। पर्यावरण का उदाहरण हमारे सामने है। भारत पर्यावरण की दिशा में आज इतना कुछ कर रहा है कि उसका लाभ पूरे ...