Russia Sanctions Bill: India needs to understand the 'American nature' and take precautionary measures in time
रूस प्रतिबंध विधेयक: भारत को समय रहते ही 'अमेरिकी फितरत' को समझना पड़ेगा और एहतियाती कदम उठाने पड़ेंगे @ कमलेश पांडेय/वरिष्ठ पत्रकार व राजनीतिक विश्लेषक अमेरिकी सीनेट द्वारा पारित नए 'रूस प्रतिबंध विधेयक' ने अंतर्राष्ट्रीय कूटनीति में खलबली मचा दी है, क्योंकि यह विधेयक रूसी कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस का आयात करने वाले शीर्ष देशों, जिनमें भारत और चीन शामिल हैं, पर सौ प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का प्रविधान करता है। यही वजह है कि अमेरिका के सीनेट के इस कदम ने भारत-अमेरिका के भावी रिश्तों को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं। https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-6262725213669814 इसलिए सवाल उठता है कि अमेरिकी सीनेट द्वारा पारित नए 'रूस प्रतिबंध विधेयक' क्या हैं? इससे कौन कौन देश प्रभावित होंगे? और इससे भारतीय गुटनिरपेक्षता का क्या हश्र होगा? तो दो टूक जवाब होगा कि हाँ—यह विधेयक भारत के लिए केवल रूस पर अमेरिकी प्रतिबंधों का मामला नहीं है; इसका बड़ा प्रश्न यह है कि क्या अमेरिका अब तीसरे देशों की विदेश एवं ऊर्जा नीति को भी अ...