Could foreign powers, uneasy with India's rapid progress, be hatching a social media conspiracy?
क्या भारत की तेज़ प्रगति से असहज विदेशी शक्तियाँ रच सकती हैं सोशल मीडिया षड्यंत्र? समझिए https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-6262725213669814 @ कमलेश पांडेय/वरिष्ठ पत्रकार व राजनीतिक विश्लेषक भारत की तेज़ प्रगति से असहज शक्तियाँ सोशल मीडिया, फर्जी अकाउंट, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और कुछ संस्थागत माध्यमों का उपयोग करके देश में भ्रम, विभाजन और अस्थिरता फैलाने का प्रयास कर सकती हैं। यह बात हमने नहीं बल्कि उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कही है। उन्होंने दो टूक लहजे में चेतावनी देते हुए कहा है कि भारत के शीर्ष अर्थव्यवस्थाओं में पहुँचने और वैश्विक प्रभाव बढ़ने से कुछ देशों या समूहों को असुविधा हो सकती है। यही वजह है कि अब लोगों के जेहन में यह सवाल उठ रहा है कि क्या भारत की तेज़ प्रगति से असहज विदेशी शक्तियाँ सोशल मीडिया षड्यंत्र रच सकती हैं? राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह संदेश मुख्यतः डिजिटल सूचना-सुरक्षा और राष्ट्रीय एकता पर केंद्रित हैं, क्योंकि उन्होंने बेझिझक कहा है कि भारत की बढ़ती आर्...