मां वैष्णो देवी यात्रा प्रसंग: इच्छाशक्ति मजबूत हो तो मंजिल पाना कठिन नहीं
मां वैष्णो देवी यात्रा प्रसंग: इच्छाशक्ति मजबूत हो तो मंजिल पाना कठिन नहीं # यदि हम मन में कुछ भी पक्के से ठान लें तो हम उसे करके दिखा सकते हैं, क्योंकि प्रकृति एवं ईश्वरीय शक्तियां भी हमारा साथ देती हैं, जिससे हम अपनी मंजिल तक पहुंच पाते हैं। @ यात्रा संस्मरण/ गौरव पांडेय, लेखक ऑफिस में बॉस और अन्य सहकर्मियों के साथ माता वैष्णो देवी के दर्शन जाने का कार्यक्रम बना। यह तय हुआ कि हम इनोवा से जाएंगे और सारे कैलकुलेशन के बाद एक सीट इनोवा में बच गई थी। मैंने आव देखा ना ताव और अपने भाई को बरेली से दिल्ली बुला लिया कि हम दर्शन के लिए चल रहे हैं। वह भी खुशी खुशी जल्दी से दिल्ली आ गया। अब दर्शन करने जाने का दिन आ गया और हमारे पास फोन आया कि गाड़ी आ गई है, तुम लोग तैयार रहो। हमने अपना सारा सामान पैक करके बस ताला लगाने की कसर छोड़ी थी और उसी समय एक फोन आया, जिसमें बॉस ने बताया कि इनोवा कुछ दूसरी तरह की आ गई है जिसमें पीछे की सीट पर चार की जगह तीन ही लोग बैठ सकते हैं। ऐसे में स्वाभाविक था कि मेरा भाई ही नहीं जाएगा। मायूस चेहरे से मेरे भाई ने मेरी तरफ देखा और पूछ...